गलतफहमी में इंसानियत हुई तार तार : शॉर्ट फिल्म के सरताज उत्तर कुमार की रोशनी फिल्म हुई आज लॉन्च देखो ऑनलाइन
9718976101 स्पीड इंडिया न्यूज़ प्रधान संपादक हरवीर सिंह
सच्ची घटना पर आधारित है यह फिल्म एक गांव की फिल्म में जिसमें वह लड़का बहुत अच्छा गांव में करता है और सबका दिल जीत है
और वैसे गरीब होता है उसके पिताजी बहुत बीमार रहते हैं सब कुछ अच्छा चलता है शादी की भी बात हो जाती हैं एक दिन गलतफहमी में आकर समाज के उसे वह जेल चला जाता है और सबको यही लगता है कि वह गलत काम किसी ने किया है पर ऐसा है नहीं उसके पिताजी भी मर जाते हैं और वह जेल में रहता है और कोई कंधा देने भी नहीं आता खुद किराए पर कर कर उसका दोस्त एक मजदूर को कंधा देकर उसे अजल मजाल करता है और जेल में उसे भी उसे भी लाया जाता है जेल से फिर वह आ जाता है और आकर नशे में चूर हो जाता है जेल में रह रहकर सोचता है की कितनी भलाई की कुछ नहीं मिला बस समाज ने तुझे एक दाग दे दिया तो वह भी नशे में चूर रहने लगता है और जिससे वह बहुत प्यार करता है वह उसे खूब समझता है बुझाता है कि सब कुछ ठीक हो जाएगा तुम समझ जाओ और उसके दिल में यह बैठ जाती है कि समाज अब तुझे उठना नहीं देगा फिर एक दिन जिसमें गलत काम किया था जो उसे गांव का दबंग था उसके भाई के दिल में छेद हो जाता है उसेदिल देने के लिए कोई तैयार नहीं होता बोलते हैं खाने तो हर चीज का ब्याज लिया है देर से क्या अपनापन फिर उसके ही पास जाता है जिसका नाम राम होता है और वह अपना दिल दे देता है और बोलता है कि गांव में जितने तने गलत काम और जिनकी जमीन हड़प रखी है और ब्याज पर पैसे 2030 के परसेंट पर दे रखे हैं वह सब तुझे माफ करने होंगे मैं तेरे भाई को दिल दे दूंगा मेरे पास तो कुछ बचा ही नहीं ना फेफड़े ना मैं ना कोई बस मेरे महादेव बच्चे हैं वह सीमा लेंगे सब कुछ तो वह दे देता है और लास्ट में मर जाता है वह बीच में ही हमारी शादी हो जाती है और एक दिन उसकी मां उसे बहुत पेटी भी है मरती भी है पर वह जब भी आती है कभी-कब खाना बनाने क्योंकि उसके पास ना तो खाना बनाने के लिए कोई है और ना वह अपने आप को संभालने के लिए कोई है लास्ट में वह मर जाता है और करने के बाद उसी घर में रोशनी जो मेरी वाइफ बनती है उसके एक बच्चा होता है और वह बच्चे वह उसे राम के घर में ही रहकर गुजारा करती है बहुत ही सामाजिक स्टोरी है बहुत ही अच्छी है आप सब देखोगे तो बहुत ही इमोशनल हो जाओगे
दोस्ती फिल्म भी देखना नहीं भूले